
अगर आपको अचानक दिल की धड़कन तेज होना (हार्ट बीट्स), अनियमित या कमज़ोर महसूस होती है, तो यह चिंता का विषय हो सकता है। तनाव, कैफीन, या गंभीर हृदय रोग इसके कारण हो सकते हैं। सही निदान और उपचार के लिए हार्ट बीट में बदलाव को गंभीरता से लें और तुरंत विशेषज्ञ से सलाह लें।
क्या कभी आपको ऐसा महसूस हुआ है कि आपकी दिल की धड़कन तेज होना शुरू हो गई है। क्या कभी-कभी ऐसा महसूस होता है कि सीने में तेज़ी से दिल फड़फड़ा रहा है या छलांग लगा रहा है? क्या अचानक दिल की धड़कन तेज होना आपको घबराहट या बेचैनी महसूस कराती है, खासकर जब आप आराम कर रहे होते हैं या सोते समय दिल की धड़कन तेज होना महसूस होती है?
अगर हां, तो आप अकेले नहीं हैं। कई बार यह तनाव या ज़्यादा कैफीन लेने का नतीजा हो सकता है, लेकिन कुछ मामलों में यह किसी गंभीर अन्य स्वास्थ्य समस्या, जैसे कि हार्ट बीट बढ़ने के नुकसान का संकेत हो सकता है। यह जरूरी है कि आप इस बदलाव को नजरअंदाज न करें। विशेषज्ञों के अनुसार, भारत में हृदय गति से संबंधित जागरूकता और मामलों में तेज़ी से वृद्धि देखी गई है। ऐसे में अपनी हार्ट बीट्स को समझना पहले से कहीं अधिक महत्वपूर्ण हो गया है। यदि आपकी हार्ट बीट्स लगातार तेज़, अनियमित या कमज़ोर बनी रहती है, तो यह सही समय है कि आप अनुभवी हृदय रोग विशेषज्ञों से संपर्क करें। आपकी हृदय गति में अचानक बदलाव आपके जीवन की गुणवत्ता को प्रभावित कर सकता है, इसलिए समय पर निदान और उपचार ही सुरक्षित भविष्य की कुंजी है।
दिल की धड़कन तेज होना (हार्ट बीट) एक ऐसी अनुभूति है, जिसमें व्यक्ति को अपने दिल की धड़कन बहुत तेज़, अनियमित, या ज़ोर से महसूस होती है। यह धड़कन कुछ सेकंड या मिनटों तक रह सकती है। तकनीकी रूप से, इसे पैल्पिटेशन कहा जाता है, और यह हृदय के सामान्य लय (Rhythm) में बदलाव के कारण होता है। हालांकि, अक्सर यह हानिरहित होता है, लेकिन जब अचानक हार्ट बीट तेज होना या अनियमित होना बार-बार होता है, तो यह एरिथमिया (दिल की धड़कन का असामान्य होना) जैसी हृदय की स्थिति का संकेत हो सकता है।
चलिए दिल की धड़कन की सामान्य और असामान्य रेंज के बारे में विस्तार से समझते हैं -
उम्र के अनुसार हार्ट रेट अलग-अलग होता है। चलिए इस पूरी गणना को एक टेबल की मदद से समझने का प्रयास करते हैं -
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उम्र |
सामान्य हार्ट रेट |
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एक महीने तक के बच्चे |
70 से 190 बीट पर मिनट |
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1 से 11 महीने तक के बच्चे |
80 से 160 बीट पर मिनट |
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1 से 2 साल के बच्चे |
80 से 130 बीट पर मिनट |
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3 से 4 साल तक के बच्चे |
80 से 120 बीट्स पर मिनट |
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5 से 6 साल तक के बच्चे |
75 से 115 बीट पर मिनट |
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7 से 9 साल तक के बच्चे |
70 से 100 बीट पर मिनट |
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10 साल से बुजुर्गों तक |
60 से 100 बीट पर मिनट |
निम्न तरीकों की मदद से आप सही तरीके से अपने हार्ट रेट को मॉनिटर कर सकते हैं -
दिल की धड़कन तेज होना कई कारणों से हो सकता है, जिनमें से कुछ सामान्य और कुछ गंभीर होते हैं जैसे कि -
आमतौर पर, कभी-कभार होने वाले पैल्पिटेशन चिंता का कारण नहीं होते हैं। हालांकि, निम्नलिखित स्थितियाँ हार्ट बीट बढ़ने के नुकसान का संकेत हो सकती हैं और तुरंत डॉक्टर की आवश्यकता होती है:
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लक्षण |
संभावित जोखिम |
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दिल की धड़कन के साथ सीने में दर्द या दबाव। |
हार्ट अटैक या गंभीर हृदय समस्या। |
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बेहोशी या चक्कर आना। |
मस्तिष्क में रक्त प्रवाह की कमी (संभवतः गंभीर एरिथमिया)। |
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सांस लेने में तकलीफ या छाती में कसाव। |
हृदय विफलता (Heart Failure) या फेफड़ों की समस्या। |
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दिल की धड़कन 150 से ऊपर होने पर (आराम की स्थिति में)। |
गंभीर टेकीकार्डिया, जिसके लिए तत्काल चिकित्सा हस्तक्षेप की आवश्यकता हो सकती है। |
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अचानक दिल की धड़कन तेज होना जो बार-बार और बिना किसी स्पष्ट कारण के हो। |
क्रोनिक एरिथमिया, जैसे एट्रियल फाइब्रिलेशन। |
जब आपको दिल की धड़कन तेज होने पर घरेलू उपाय की आवश्यकता महसूस हो, तो आप निम्न प्रयास कर सकते हैं:
आपकी जीवनशैली में कुछ बदलाव अचानक हार्ट बीट तेज होना की आवृत्ति को कम कर सकते हैं -
इसके अतिरिक्त आहार में बदलाव भी आवश्यक है। कैफीन एक उत्तेजक है, जो हृदय गति को तेज़ कर सकता है। इसका सेवन सीमित करें या हर्बल चाय का प्रयोग करें। इसके अतिरिक्त पोटेशियम, मैग्नीशियम और कैल्शियम से भरपूर खाद्य पदार्थ (जैसे केले, पत्तेदार हरी सब्जियां, नट्स) दिल के स्वास्थ्य को बनाए रखने में मदद करते हैं। संतुलित आहार का सेवन करें जिसमें फल, सब्जियां, लीन प्रोटीन व नट्स आदि आते हैं। यदि आप इसका सेवन अपने दैनिक आहार में बढ़ाते हैं, तो इसका सीधा लाभ आपको मिलेगा। एंटीऑक्सीडेंट और हेल्दी फैट वाले खाद्य पदार्थों का सेवन आपके ब्लड प्रेशर के साथ-साथ आपके हृदय गति को भी नियंत्रित कर सकता है।
मछली, लीन मीट, नट्स, अनाज आदि के सेवन से आपको ओमेगा 3 फैटी एसिड मिलेगा, जिससे हृदय स्वस्थ रहता है। इसके अतिरिक्त विटामिन-ए के लिए हमारे डॉक्टर हरी पत्तेदार सब्जियों को खाने की सलाह देते हैं। इन सबके अतिरिक्त यदि आप किसी सप्लीमेंट के सेवन करने की इच्छा रखते हैं, तो हम आपको सलाह देंगे कि आप जल्द से जल्द हमारे विशेषज्ञ से मिलें और उनसे परामर्श लें। बिना डॉक्टर के परामर्श के किसी भी प्रकार के सप्लीमेंट के सेवन की सलाह हम नहीं देते हैं।
यदि आप निम्नलिखित स्थितियों का अनुभव करते हैं, तो तुरंत एक कार्डियोलॉजिस्ट (हृदय रोग विशेषज्ञ) से संपर्क करें:
संतुलित आहार लें, जिसमें ओमेगा-3 फैटी एसिड (मछली, अलसी), मैग्नीशियम (बादाम, पालक) और पोटेशियम (केला, शकरकंद) से भरपूर खाद्य पदार्थ शामिल हों।
बुखार में, शरीर के तापमान में प्रति 1 डिग्री फ़ारेनहाइट की वृद्धि के लिए पल्स रेट आमतौर पर प्रति मिनट 7 से 10 बीट्स तक बढ़ जाता है।
आराम की स्थिति में दिल की धड़कन 150 से ऊपर होने पर इसे टेकीकार्डिया माना जाता है, जो हृदय पर अत्यधिक तनाव डालता है और बेहोशी या अन्य जटिलताओं का कारण बन सकता है, तत्काल डॉक्टर से मिलें।
हाँ, हाइपरथायरायडिज्म (थायरॉयड बढ़ने) की स्थिति में थायरॉयड हार्मोन का उच्च स्तर हृदय को तेज़ी से काम करने के लिए उत्तेजित करता है, जिससे दिल की धड़कन तेज होना एक आम लक्षण है।
हाँ, चिंता और पैनिक अटैक के दौरान एड्रेनालाईन (Adrenaline) के स्राव के कारण हृदय गति तेज़ हो जाती है, जिसे अक्सर अचानक हार्ट बीट तेज होना के रूप में महसूस किया जाता है।
हाँ, कैफीन एक उत्तेजक है जो केंद्रीय तंत्रिका तंत्र को उत्तेजित करता है, जिससे हृदय गति और रक्तचाप दोनों बढ़ सकते हैं, खासकर संवेदनशील व्यक्तियों में।
एक स्वस्थ व्यक्ति की हार्ट बीट 60 से 100 बीट प्रति मिनट के बीच होनी चाहिए। शारीरिक गतिविधि, तनाव, या किसी बीमारी के कारण हार्ट बीट बढ़ सकती है, इसलिए इन सब का विशेष ध्यान रखें।
हार्ट बीट को कम करने के लिए आप ठंडा पानी, नींबू पानी, या अदरक का रस पी सकते हैं। इस प्रकार के पेय पदार्थ हृदय की गति को सामान्य करने में मदद करते हैं।
हार्ट बीट को कम करने के लिए निम्नलिखित दिशा-निर्देशों का पालन कर सकते हैं -
हार्ट बीट तेज होने पर निम्न निर्देशों का पालन करें -
1 साल के बच्चे की धड़कन हर समय अलग-अलग होती है। सामान्य तौर पर बच्चों की दिल की धड़कन 80-130 धड़कन प्रति मिनट होनी चाहिए। हालांकि विश्राम करते समय, रोने, खेलने, या व्यायाम करते समय यह बढ़ सकती है।
पल्स रेट कम करने के लिए निम्न खाद्य पदार्थ आपकी मदद कर सकते हैं -
Written and Verified by:

Dr. Ashok B. Malpani is a Senior Consultant in Cardiology Dept. at BM Birla Heart Hospital, Kolkata, with over 34 years of experience. He specializes in complex angioplasty, primary angioplasty, and pacemaker implantation.
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